तेज रफ्तार कार ने एक्टिवा को मारी टक्कर, तीन दोस्त घायल हुए थे, जिनमें से दो की मौत हो गई
आगरा-मुंबई नेशनल हाईवे पर नयागांव के पास हुई एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में पांच दिन के भीतर दो दोस्तों की मौत हो गई। इस हादसे में घायल तीसरे दोस्त का इलाज अभी भी जारी है। तीनों दोस्त 6 अक्टूबर को बरई-पनिहार की खूबसूरत वादियों में पिकनिक का आनंद लेकर अपनी एक्टिवा से घर लौट रहे थे। तभी एक तेज रफ्तार कार ने उनकी गाड़ी को जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में पहले तो नमकीन कारोबारी गौरव जैन की मौके पर कुछ देर बाद अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई थी। इसके बाद, पांच दिन बाद रविवार को इलाज के दौरान घायल मनीष राजौरिया ने भी दम तोड़ दिया। इस घटना ने तीनों दोस्तों के परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। हादसे से करीब 10 मिनट पहले ही मनीष ने पिकनिक स्पॉट पर अपने दोस्तों के साथ एक सेल्फी ली थी और उसे फेसबुक पर अपलोड किया था। इस तस्वीर में तीनों दोस्त बेहद खुश नजर आ रहे हैं, लेकिन अब यही तस्वीर उनके परिजनों के लिए आंसूओं का कारण बन गई है। यह तस्वीर उनके खुशी के पलों की आखिरी निशानी रह गई है। शहर के भाऊ साहब का बाजार निवासी 38 वर्षीय गौरव जैन एक सफल नमकीन कारोबारी थे। कारोबार के अच्छी तरह जम जाने के बाद वह अपने परिवार की जिम्मेदारियों को भी बखूबी संभाल रहे थे। बताया जा रहा है कि कारोबारी जिम्मेदारियों के चलते गौरव ने अभी तक शादी नहीं की थी और घर में उनकी शादी को लेकर बातचीत चल रही थी। 6 अक्टूबर को छुट्टी का दिन होने के कारण गौरव अपने खास दोस्तों, ढोली बुआ का पुल निवासी मनीष राजौरिया और कुशल कुमार के साथ बरई-पनिहार क्षेत्र में पिकनिक मनाने के लिए गए थे। तीनों को घूमने-फिरने और पिकनिक मनाने का बहुत शौक था। शाम को जब वे अपनी एक्टिवा से लौट रहे थे, तो नयागांव के पास रेलवे पुल पर एक तेज रफ्तार कार ने उनकी गाड़ी को बुरी तरह टक्कर मार दी। इस जोरदार टक्कर में तीनों दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। राहगीरों की मदद से तीनों घायलों को आनन-फानन में ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया। अस्पताल में इलाज के दौरान गौरव जैन की दुखद मृत्यु हो गई। वहीं, मनीष और कुशल का उपचार जारी रहा। हादसे के बाद परिजन और परिचित दोनों घायलों के जल्द ठीक होने की उम्मीद कर रहे थे। लेकिन, पांच दिन बाद मनीष राजौरिया ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम कराया है। हादसे में घायल तीसरे दोस्त कुशल का इलाज अभी भी चल रहा है। जांच में यह बात सामने आई है कि एक्टिवा को टक्कर मारने वाली कार मारुति ब्रेजा थी, जिसका रजिस्ट्रेशन नंबर उज्जैन की एमपी-13 सीरीज का बताया जा रहा है। इस कार में तीन युवक और तीन युवतियां सवार थे। प्रत्यक्षदर्शियों और जांच में यह भी बताया गया है कि हादसे के बाद कार सवार लोग घटनास्थल से करीब 100 मीटर दूर एक पेट्रोल पंप पर रुके थे। पेट्रोल पंप पर रुकने के बाद, कार में सवार एक युवक पैदल ही घटनास्थल की ओर आया और घायलों को देखने के बाद वापस कार में जा बैठा। इसके बाद कार सवार सभी लोग वहां से फरार हो गए। स्थानीय लोगों और पुलिस का आरोप है कि हादसे के समय कार सवार युवक नशे की हालत में थे। यह भी बताया गया है कि कार शिवपुरी निवासी एक व्यक्ति से जुड़ी हुई है, जिसने हाल ही में इसे उज्जैन मेले से खरीदा था। पुलिस इस मामले में कार के असली मालिक का पता लगाने की कोशिश कर रही है। कार के पंजीकरण नंबर से यह जानकारी मिली है कि यह कार शिवपुरी के रहने वाले व्यक्ति की है। हादसे के बाद पेट्रोल पंप पर कार के रुकने और एक युवक के घटनास्थल की ओर जाने की पूरी गतिविधि सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। इसके अलावा, पनिहार टोल प्लाजा के कैमरों में भी कार के फुटेज मिलने की बात सामने आई है। पुलिस इन सभी सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मामले की गहन जांच कर रही है। फुटेज से कार सवारों की पहचान करने में मदद मिलने की उम्मीद है। मृतक गौरव जैन के भाई दीपक ने पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सभी सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध हैं और कार के साथ-साथ आरोपियों की पहचान भी हो चुकी है। इसके बावजूद, घटना के छह दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है।




